संवाददाता – प्रवीण कुमार साहू
गौरेला पेंड्रा मरवाही। कांग्रेस महिला जिला अध्यक्ष गजमती भानु के द्वारा मनरेगा के बाद अब मजदूरों की मजदूरी पर गबन का आरोप हुआ सिद्ध, वसुली आदेश होने पर भी किसके संरक्षण से नही हो रही वसुली ग्राम पंचायत सेमरा सरपंच जोकि इन दिनों अपने भ्रष्टाचार को लेकर काफी चर्चा में है रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत हुए कामों में लाखो रुपए से ज्यादा का घोटाला सामने आया है।

फर्जी तरीके से घोटाला कर फर्जी मजदूर, फर्जी काम की एंट्री करके लाखो रुपए का बंदरबाट किया गया है। कई महीनों से ये घोटाले का यह खेल चल रहा था। प्रारंभिक जांच में ही यह साफ हो गया है कि इस घोटाले में सरपंच, सचिव से लेकर जिला पंचायत स्तर के आला अफसर शामिल है, उक्त मामले में एफआईआर की मांग हुई है। गौरतलब है की जिले में लगातार मनरेगा के तहत एक से एक भ्रष्टाचारी देखने को मिल रहे है, ऐसे ही ताजा मामला गौरेला ब्लॉक सेमरा का जहां, तूफान सिंह धुर्वे उप सरपंच निवासी ग्राम सेमरा के द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना के तहत दोषी कर्मचारी अधिकारी के विरुद्ध गौरेला थाना में लिखित शिकायत किया गया है, और तत्काल एफआईआर की मांग की गई है। सरपंच गजमती भानु एवं सचिव द्वारा कार्य करवाने के बाद मजदूरों को उनकी मजदूरी के लिए दर दर भटकाया जा रहा है एक आदिवासी सरपंच होने के बावजुत भी आदिवासी मजदूरों का हक छीन जा रहा है जो कहा का इंसाफ है। देखना होगा की इस मामले पर जिला सीईओ और जिला प्रशासन कया कार्यवाही की जाती है।


















