सूरजपुर- छत्तीसगढ़ लोकायुक्त विशेष पुलिस स्थापना अधिनियम के तहत एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) अंबिकापुर ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सहकारी निरीक्षक अभिषेक सोनी को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई जिला सूरजपुर के प्रतापपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत की गई।
जानकारी के अनुसार ग्राम करसी निवासी शुभम जायसवाल पिता पारसनाथ जायसवाल ने एसीबी अंबिकापुर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि लेखपाल पद पर नियुक्ति आदेश जारी करने के एवज में सहकारी निरीक्षक द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही थी।
सूत्रों के मुताबिक भारत सरकार के राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम (एनसीडीसी) द्वारा छत्तीसगढ़ सहकारी सोसायटी अधिनियम 1960 के तहत सूरजपुर जिले के रामानुजनगर, प्रेमनगर, सूरजपुर, भैयाथान एवं प्रतापपुर विकासखंड में पांच बहुउद्देशीय किसान उत्पादक सहकारी समितियों का गठन किया गया है। इन समितियों में मुख्य कार्यपालन अधिकारी/प्रबंधक एवं लेखपाल पदों पर तीन वर्षीय संविदा नियुक्ति का प्रावधान है।
शिकायतकर्ता शुभम जायसवाल ने मां समलेश्वरी बहुउद्देशीय कृषक उत्पादक सहकारी समिति मर्यादित, टुकुडांड (पं.क्र. 455), जिला सूरजपुर के लेखपाल पद के लिए आवेदन किया था। 1 दिसंबर 2025 को जारी पात्र-अपात्र सूची में उनका नाम पात्र सूची में शामिल था। इसके बाद 5 दिसंबर को दक्षता परीक्षण, दस्तावेज सत्यापन, टाइपिंग टेस्ट एवं साक्षात्कार की प्रक्रिया में उन्होंने भाग लिया।
शिकायत के अनुसार चयन सूची जारी करने वाले प्राधिकृत अधिकारी सहकारी निरीक्षक अभिषेक सोनी द्वारा नियुक्ति आदेश जारी करने के एवज में 1.50 लाख रुपये की मांग की गई, जो बातचीत के बाद 80 हजार रुपये पर तय हुई। इसमें 40 हजार रुपये की पहली किस्त देने की बात कही गई थी।
शिकायत की पुष्टि के बाद एसीबी अंबिकापुर ने जाल बिछाया। मंगलवार रात करीब 8:25 बजे शिकायतकर्ता द्वारा आयुक्त सहकारिता एवं उप पंजीयक सहकारी संस्थाएं, सूरजपुर के उपायुक्त सहकारिता कक्ष क्रमांक-01 में आरोपी को 40 हजार रुपये सौंपे गए। राशि लेते ही एसीबी टीम ने मौके पर दबिश देकर आरोपी को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
एसीबी अधिकारियों के अनुसार आरोपी के पास से रिश्वत की राशि बरामद कर ली गई है तथा आगे की विधिक कार्रवाई जारी है। मामले में पूछताछ की जा रही है और विस्तृत जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

















