सूरजपुर- आज जिला चिकित्सालय के सभा कक्ष मे मुख्य अतिथि श्री शिवनाथ यादव, जनप्रतिनिधि गण, कलेक्टर श्री एस जयवर्धन, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ0 कपिल देव पैकरा, सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक, जिला टीकाकरण अधिकारी की उपस्थित में जिला अस्पताल सभा कक्ष में पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ किया गया। जिसमें 0 से 05 वर्ष तक के बच्चों को पोलियो की दवा पिलाकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। जिले में पल्स पोलियो अभियान 21 दिसम्बर 2025 को बूथ स्तर पर तथा 22 एवं 23 दिसम्बर 2025 को घर-घर भ्रमण कर पल्स पोलियो की दवा पिलाई जायेगी। जिले में स्वास्थ्य विभाग के द्वारा लगभग 104660(एक लाख चार हजार छः सौ साठ) बच्चों को कवर किया जाएगा।
इस कार्यक्रम की निगरानी राज्य, जिला तथा विकास खण्ड स्तर से किया जाएगा, ताकि एक भी बच्चा पोलियो की खुराक से वंछित ना रहे। अभियान का उद्देश्य देश एवं प्रदेश को पूर्णतः पोलियो मुक्त बनाए रखना है। अभियान के सफल एवं प्रभावी क्रियान्वयन के लिए कलेक्टर श्री एस.जयवर्धन के मार्गदर्शन तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग द्वारा विस्तृत सूक्ष्म कार्ययोजना तैयार की गई है।
इस अवसर पर महापौर श्री शिवनाथ यादव ने कहा कि भारत को पोलियो मुक्त बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर बल दिया कि शून्य से पाँच वर्ष आयु वर्ग का कोई भी बच्चा पोलियो की खुराक से वंचित न रहे। “दो बूंद जिंदगी” के महत्व को रेखांकित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रत्येक बच्चे को समय पर पोलियो की दवा पिलाना समाज और राष्ट्र के सुरक्षित भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
जिला टीकाकरण अधिकारी ने बताया कि राष्ट्रीय सघन पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान के तहत जिले में 21 दिसंबर से तीन दिवसीय अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत शून्य से 05 वर्ष आयु वर्ग के 104660 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए जिलेभर में 729 पोलियो बूथ स्थापित किए गए हैं।
प्रथम दिवस बूथ स्तर पर टीकाकरण किया जा रहा है, जबकि द्वितीय एवं तृतीय दिवस स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर छूटे हुए बच्चों को पोलियो की दवा पिलाएंगी।
अभियान की व्यापक जानकारी एवं जनसहभागिता सुनिश्चित करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में कोटवारों द्वारा मुनादी कराई जा रही है। अभियान के दौरान स्वास्थ्य कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं मितानिन अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। साथ ही विभिन्न स्वयंसेवी एवं समाजसेवी संस्थाओं के कार्यकर्ता भी अभियान को सफल बनाने में सहयोग कर रहे हैं।
भीषण ठंड के बावजूद दिखा जनसहभागिता का उत्साह
सुबह-सुबह कड़ाके की ठंड के बावजूद बड़ी संख्या में अभिभावक अपने छोटे बच्चों को लेकर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। अभिभावकों में पोलियो के प्रति जागरूकता और बच्चों के स्वस्थ भविष्य को लेकर विशेष उत्साह देखा गया, जिससे अभियान को सफल बनाने में जनसहभागिता का सकारात्मक संदेश मिला।

















