सूरजपुर- कलेक्टर श्री एस. जयवर्धन के दिशा निर्देशन एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर के.डी. पैकरा एवं जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. हर्षवर्धन शर्मा के मार्गदर्शन में समस्त खण्ड चिकित्सा अधिकारी के कुशल नेतृत्व में विकासखंड के सभी क्षेत्रों में पल्स पोलियो अभियान के तहत डोर टू डोर बच्चों को 0 से 5 साल के सभी बच्चों को पल्स पोलियो अभियान की दो बूंद खुराक दिलाई जा रही हैं। विकासखंड ओडगी बिहारपुर के सुदूर अंचल खोहिर, रामगढ़, बैजनपाठ, लुल, छतरंग, खोंड, में वैक्सीन करियर पड़कर पैदल चलकर मितानिन कार्यकर्ता एवं स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के द्वारा बच्चों को पोलियो की खुराक दी जा रही हैं। जिसमें सभी आम नागरिक जनप्रतिनिधियों का विशेष सहयोग मिल रहा है, जिसके लिए जिला प्रशासन और जनता जर्नादनों का आभार प्रदर्शन व्यक्त किया जा रहा है इस हेतु सभी से अपील किया जा रहा है कि शत प्रतिशत बच्चों का को पोलियो की दो बूंद पिलाई जानी आवश्यक है।
पल्स पोलियो अभियान के दूसरे दिन घर-घर जाकर पल्स पोलियो की दवा पिलाई गई। जिसमें कुल दवा पिलाई जाने वाली बच्चों की संख्या 104660 जिसमें 0 से 5 साल के बच्चों प्रथम दिवस में 95382, दूसरे दिवस घर-घर जाकर 6106 कुल 101488 बच्चों को दवा पिलाकर सूरजपुर जिले ने 96.97 प्रतिशत हासिल किये है। शेष बचे हुए बच्चों को तीसरे दिन घर घर जाकर दवा पीला लिया जाएगा।
विकासखंड प्रतापपुर में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 18964 मे से 18416 बच्चों को दवा पिलाकर 97.11 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। विकासखंड भैयाथान में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 18084 में से 17572 बच्चों को दवा पिलाकर 97.17 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। विकासखंड ओडगी में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 10955 मे से 10790 बच्चों को दवा पिलाकर 98.19 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। विकासखंड प्रेमनगर में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 8351 मे से 8200 बच्चों को दवा पिलाकर 98.19 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। विकासखंड रामानुजनगर में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 15165 मे से 14252 बच्चों को दवा पिलाकर 93.98 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है।
विकासखंड सूरजपुर शहरी क्षेत्र में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 2430 मे से 2406 बच्चों को दवा पिलाकर 99.01 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की हैविकासखंड सूरजपुर ग्रामीण क्षेत्र में कुल पिलाया जाने वाली बच्चों की संख्या 30711 मे से 29852 बच्चों को दवा पिलाकर 97.20 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है।


















