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जिला कांग्रेस कमेटी ने कलेक्टर कार्यालय का किया घेराव, मनरेगा और लोकतांत्रिक अधिकारों के हनन का लगाया आरोप

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जिलाध्यक्ष शशि सिंह के नेतृत्व में उमड़ा कार्यकर्ताओं का सैलाब, राहुल गांधी को संसद में बोलने से रोकने और कानून कमजोर करने की साजिश पर जताया विरोध
सूरजपुर- केंद्र की मोदी सरकार की नीतियों और लोकतांत्रिक संस्थाओं के कथित दुरुपयोग के विरोध में आज जिला कांग्रेस कमेटी सूरजपुर ने विशाल प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष शशि सिंह के नेतृत्व में जिले भर के पदाधिकारी और कार्यकर्ता कलेक्टर कार्यालय का घेराव करने पहुँचे। इस दौरान कांग्रेसियों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और कलेक्टर को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा।
मनरेगा को कमजोर करने का आरोप
सौंपे गए ज्ञापन में कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर ग्रामीण रोजगार की रीढ़ ‘मनरेगा’ को खत्म करने की साजिश का आरोप लगाया है:
नाम बदलने की साजिश- ज्ञापन में उल्लेख है कि यूपीए सरकार द्वारा बनाए गए इस कानून से राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का नाम हटाने और इसे कमजोर करने की कोशिश की जा रही है।
फर्जीवाड़ा और टारगेट- आरोप लगाया गया है कि फर्जी आपत्तियां दर्ज कर और फर्जी हस्ताक्षर के माध्यम से अल्पसंख्यकों व अन्य लोगों के नाम काटे जा रहे हैं।
राहुल गांधी की आवाज दबाने का विरोध
कांग्रेस ने संसद में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ हो रहे व्यवहार पर भी कड़ा नाराजगी जताया है:
संसद में रोक- ज्ञापन के अनुसार, राहुल गांधी जब सत्तापक्ष का पर्दाफाश करते हैं, तो उन्हें साजिश के तहत बोलने नहीं दिया जाता, जो लोकतंत्र की परंपराओं के विपरीत है।
लोकतांत्रिक हनन- कांग्रेस का मानना है कि मोदी सरकार डरी हुई है और विपक्ष की आवाज को कुचलने का प्रयास कर रही है।
जिले भर से जुटे दिग्गज और कार्यकर्ता
इस प्रदर्शन में सूरजपुर जिले के सभी विकासखंडों और नगर पंचायतों से भारी संख्या में कांग्रेसी जुटे। मुख्य रूप से अनिल गुप्ता, विद्यासागर सिंह, ईस्माइल खान, नरेंद्र जैन, संजय डोसी, सुनील अग्रवाल और नवीन जायसवाल सहित सैकड़ों वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित रहे।
प्रदर्शनकारियों में विमलेश तिवारी, राजेन्द्र यादव, विमला सिंह, जरीना सुल्ताना, लिली राजवाड़े, दिव्या तांजे, संजीव श्रीवास्तव सहित रामानुजनगर, प्रेमनगर, ओड़गी, भैयाथान, प्रतापपुर और भटगांव क्षेत्रों के जनप्रतिनिधि व कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल थे।
प्रशासनिक मुस्तैदी
घेराव की सूचना मिलते ही कलेक्टर कार्यालय के बाहर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि केंद्र सरकार ने अपनी नीतियों में सुधार नहीं किया और जनविरोधी फैसलों को वापस नहीं लिया, तो आने वाले समय में आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।

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