सूरजपुर- शासन के योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के लिए कलेक्टर एस.जयवर्धन द्वारा आज ओड़गी क्षेत्र का व्यापक निरीक्षण किया गया। प्रशासनिक अम्ल द्वारा जनपद पंचायत ओड़गी क्षेत्र अंतर्गत विभिन्न ग्राम पंचायतों में संचालित विकास कार्यों एवं योजनाओं का व्यापक निरीक्षण किया। जिसमें जिला पंचायत सीईओ विजेन्द्र पाटले, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) भैयाथान चांदनी कंवर व अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
धरसेढ़ी में DMF पुलिया एवं बालिका छात्रावास का निरीक्षण
निरीक्षण की शुरुआत ग्राम पंचायत धरसेढ़ी से हुई, जहाँ जिला खनिज न्यास (DMF) मद से स्वीकृत पुलिया निर्माण कार्य का बारीकी से अवलोकन किया गया। अधिकारियों ने निर्माण की गुणवत्ता और प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अमले को कार्य निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण रूप से पूर्ण करने के कड़े निर्देश दिए। इसी क्रम में राजस्व पखवाड़ा के अंतर्गत ग्राम पंचायत भवन एवं बालिका छात्रावास का भी निरीक्षण कर आवश्यक सुधारात्मक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।
कालामंजन में मनरेगा की जल संरक्षण संरचनाओं का अवलोकन
तत्पश्चात निरीक्षण दल ग्राम पंचायत कालामंजन पहुँचा, जहाँ महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत निर्मित कंटूर ट्रेंच एवं गैबियन संरचनाओं का निरीक्षण किया गया। अधिकारियों ने इन जल संरक्षण संरचनाओं की उपयोगिता बढ़ाने तथा क्षेत्र में जल संवर्धन के कार्यों को प्राथमिकता के साथ क्रियान्वित करने के निर्देश दिए।
ओड़गी में बालिका छात्रावास एवं कस्तूरबा विद्यालय की समीक्षा
ओड़गी मुख्यालय में 100 बिस्तरीय बालिका छात्रावास एवं कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान छात्राओं के लिए उपलब्ध सुविधाओं, आवासीय व्यवस्थाओं, स्वच्छता एवं सुरक्षा व्यवस्था की गहनता से समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधार हेतु निर्देशित किया गया।
महुली में मुख्यमंत्री घोषणा के कार्यों की प्रगति परखी
निरीक्षण के अंतिम चरण में दल बिहारपुर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत महुली स्थित गढ़वतिया देवी धाम मंदिर पहुँचा, जहाँ मुख्यमंत्री की घोषणा के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने इन कार्यों को शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण करने के निर्देश दिए, जिससे क्षेत्र के धार्मिक एवं पर्यटन महत्व को और अधिक बढ़ावा मिल सके।
जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे इस प्रकार के सतत निरीक्षणों का उद्देश्य शासन की योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना, निर्माण कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखना तथा आमजन को योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाना है।


















