क्रेडा विभाग की घोर लापरवाही उजागर:परसापारा में दो महीने से बंद पड़ा सौर जलप्रदाय, गंदा पानी पीने को मजबूर ग्रामीण
तीन दिवस के अंदर मोटर नहीं लगाया गया तो उग्र आंदोलन की चेतावनी: स्थानीय ग्रामीण
जाहिद अंसारी
सूरजपुर/प्रतापपुर भीषण गर्मी के बीच सूरजपुर जिले के जनपद पंचायत प्रतापपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत केवरा के आश्रित ग्राम परसापारा में पेयजल संकट गहराता जा रहा है। गांव में लगा सौर ऊर्जा आधारित जलप्रदाय सिस्टम पिछले दो महीने से खराब पड़ा हुआ है, लेकिन जिम्मेदार विभाग अब तक इसे दुरुस्त नहीं कर पाया है। इससे करीब 100 घरों की आबादी बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान है।
ग्रामीणों का आरोप है कि खराबी की जानकारी कई बार संबंधित विभाग और कर्मचारियों को दी गई। विभागीय कर्मचारी मोटर निकालकर अपने साथ ले गए, लेकिन एक महीना बीत जाने के बाद भी नई मोटर नहीं लगाई गई। विभाग की इस लापरवाही का खामियाजा ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है।
पानी की गंभीर समस्या के चलते ग्रामीण अब तालाब का गंदा पानी पीने को मजबूर हैं। गांव में मौजूद एकमात्र कुएं में रातभर में मुश्किल से 10 बाल्टी पानी ही जमा हो पाता है, जिससे पूरे गांव की जरूरत पूरी नहीं हो रही। ऐसे में महिलाओं और बच्चों को दूर-दूर तक पानी के लिए भटकना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि गंदा पानी पीने से गांव में डायरिया, उल्टी-दस्त और अन्य गंभीर बीमारियां फैल सकती हैं। इसके बावजूद जिम्मेदार अधिकारी समस्या के समाधान को लेकर गंभीर नजर नहीं आ रहे हैं।
ग्रामीणों में विभागीय उदासीनता को लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि अधिकारी कार्यालयों में एसी-कूलर की ठंडी हवा में बैठे हैं, जबकि गांव के लोग भीषण गर्मी में पानी के लिए त्राहि-त्राहि कर रहे हैं।
ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से तत्काल सौर जलप्रदाय सिस्टम की मोटर लगाकर पानी व्यवस्था बहाल करने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो ग्रामीण उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी
इस विषय में प्रतापपुर एसडीएम ललिता भगत को पेयजल संकट के बारे में अवगत कराया गया जिसमें उन्होंने कहा, विभागीय अधिकारों से बात करके जल्द ही मोटर लगवाया जाएगा।।